आज़मगढ़ जिले के अतरौलिया विकासखण्ड के सेल्हरापट्टी गांव का एक वीडियो/फोटो तेजी के साथ वायरल हो रहा है। जिसमे एक महिला एक व्यक्ति को पैसे देते हुए देखी जा सकती है। इस मामले में महिला का आरोप था कि आवास देने के नाम पर ग्राम पंचायत द्वारा उससे पैसे के डिमांड की गई थी। वही पैसा वह सचिव को दे रही थी। जिसका वीडियो बनाकर किसी ने वायरल कर दिया। इसी मामले को लेकर अब ग्राम पंचायत सचिव राजेश यादव ने भी अपनी सफाई पेश की है। उनका कहना है कि मैं और ग्राम प्रधान प्रतिनिधि सेल्हरापट्टी में ही चाय पी रहे थे। इसी दौरान एक महिला आई और दुकानदार को पैसे देने लगी। जिसको मैंने रोकना चाहा तो किसी ने इसका वीडियो बना लिया और वायरल कर दिया। मेरे ऊपर लगाए गए सारे आरोप निराधार हैं। इसी मामले में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि सन्नी कुमार पर भी अवैध वसूली करने का आरोप लगा था। जिसको लेकर अब प्रधान संघ भी आंदोलित नजर आ रहा है। प्रधान संघ के अध्यक्ष किरण प्रकाश वर्मा ने कहा कि हमारे प्रधान और सचिव पर लगाए गए सारे आरोप निराधार हैं। जिस महिला ने आरोप लगाया था वह खुद कह रही है कि हमने आवास के नाम पर कोई पैसा नहीं दिया है। ऐसे में यह प्रतीत हो रहा है कि हमारे प्रधान और सचिव को गलत तरीके से फसाने की साजिश की गई थी जिसका अब पर्दाफाश हो चुका है। प्रधान संघ के महासचिव बलराम यादव ने कहा कि भाजपा सरकार में अधिकारियों और कर्मचारियों को भाजपा के कार्यकर्ताओं द्वारा परेशान किया जा रहा है। प्रधान और सचिव के ऊपर लगाए गए सारे आरोप निराधार हैं। हम उच्चाधिकारियों से मांग करते हैं कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाय और उचित कार्रवाई की जाए। इस दौरान मुख्य रूप से धर्मेंद्र कुमार, करिया यादव, नरसिंह कन्नौजिया, रामनारायण यादव, रामजी मौर्य, बाबूराम सहित तमाम लोग मौजूद रहे।