*लोकतांत्रिक अधिकारों के हनन का आरोप, कांग्रेस ने जारी रखने की चेतावनी दी लड़ाई*
*सहारनपुर:- केंद्र की भाजपा सरकार द्वारा केंद्रीय जांच एजेंसियों—सीबीआई एवं प्रवर्तन निदेशालय (ईडी)—के कथित दुरुपयोग के विरोध में कांग्रेस प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर बुधवार को भाजपा कार्यालय के घेराव की घोषणा की गई थी। प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए प्रशासन ने एहतियातन कड़े कदम उठाते हुए जिले के कई प्रमुख कांग्रेस नेताओं को हाउस अरेस्ट कर लिया। कांग्रेस नेताओं एवं कार्यकर्ताओं का कहना है कि यह कार्रवाई लोकतांत्रिक अधिकारों का खुला हनन है और विपक्ष की आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार जांच एजेंसियों का उपयोग राजनीतिक हथियार के रूप में कर रही है और इसके विरोध में शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया जाना था।भाजपा कार्यालय के घेराव की घोषणा के मद्देनजर मंगलवार देर रात से ही पुलिस एवं प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया। कांग्रेस नेताओं के आवासों पर भारी पुलिस बल तैनात कर उन्हें घरों में ही नजरबंद कर दिया गया। हाउस अरेस्ट किए गए नेताओं में कांग्रेस जिला अध्यक्ष संदीप राणा, महानगर अध्यक्ष मनीष त्यागी, पूर्व जिला अध्यक्ष चौधरी मुजफ्फर अली, वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष एवं पूर्व पार्षद सरदार चरणजीत सिंह निक्कू, युवक जिला अध्यक्ष गौरव वर्मा सहित कई अन्य नेता शामिल रहे। नजरबंदी के दौरान कांग्रेस नेताओं ने कहा कि भाजपा सरकार विपक्ष के जनआंदोलनों से घबराई हुई है और इसी कारण लोकतांत्रिक विरोध को दबाने के लिए इस तरह की कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कांग्रेस पार्टी संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए आगे भी अपना संघर्ष जारी रखेगी। उधर, शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विभिन्न स्थानों पर पुलिस बल तैनात रहा। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया।*