प्रयागराज : इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कानपुर के चर्चित बिकरू कांड में मुख्य अभियुक्त विकास दुबे के सहयोगी बबलू उर्फ बल्लू मुस्लिम की दूसरी जमानत याचिका भी खारिज कर दी. पिछले साल भी आरोपी की जमानत अर्जी नामंजूर कर दी गई थी. आरोपी की जमानत याचिका पर न्यायमूर्ति सौरभ श्याम शमशेरी ने सुनवाई की.
याची के अधिवक्ता ने दलील दी कि बल्लू मुस्लिम 25 अगस्त 2020 से जेल में बंद है. ट्रायल की स्टेटस रिपोर्ट के अनुसार कुल 102 अभियोजन गवाहों में से अब तक सिर्फ 16 की गवाही हुई है. बल्लू का विकास दुबे से कोई सीधा जुड़ाव नहीं था. उस पर जो आरोप लगे हैं उन्हीं आरोपों में अन्य अभियुक्तों की जमानत हो चुकी है.
अपर शासकीय अधिवक्ता विकास सहाय ने जमानत अर्जी का पुरजोर विरोध किया. कहा कि घटना काफी गंभीर है. अभियुक्तों ने सीधे प्रशासन को चुनौती दी. पुलिस अधिकारियों की हत्या की गई. सिर्फ आतंक कायम करने के इरादे से घटना को अंजाम दिया गया.
कोर्ट ने कहा कि घटना की प्रकृति को देखते हुए आरोपी की जेल निरुद्धि को लंबी अवधि नहीं कहा जा सकता है. यह जमानत देने का आधार नहीं है. कोर्ट ने जमानत अर्जी खारिज करते हुए कहा कि यदि एक वर्ष बाद ट्रायल आगे नहीं बढ़ता है तो याची फिर से जमानत की मांग कर सकता है.
साल 2020 में जुलाई में पुलिस बिकरू गांव में गैंगस्टर विकास दुबे को पकड़ने गई थी. इस दौरान सीओ समेत 8 पुलिसकर्मियों का कत्ल कर दिया गया था. मामले में चौबेपुर के तत्कालीन एसओ विनय तिवारी और एसआई केके शर्मा को भी पकड़ा गया था. दोनों पर विकास से सांठगांठ के आरोप लगे थे. पुलिस ने मुख्य आरोपी विकास दुबे को मध्य प्रदेश से पकड़ा गया था. इसके बाद उसका एनकाउंटर कर दिया था.
√ *_चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को प्रमोट न करने का मामला, मंडी समिति के निदेशक और उप निदेशक पर 10-10 हजार हर्जाना_*
प्रयागराज: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने अलीगढ़ मंडी परिषद में तैनात चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को पदोन्नत न करने पर नाराजगी जताई है. साथ ही परिषद के निदेशक, उपनिदेशक और अलीगढ़ मंडी परिषद के सचिव पर 10-10 हजार रुपये हर्जाना लगाया है और सभी को मंगलवार को तलब किया है.कोर्ट ने कहा कि आदेश का पालन नहीं हुआ तो निदेशक सहित अन्य विपक्षियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. यह आदेश न्यायमूर्ति सौरभ श्याम शमशेरी ने मुकेश चंद्र शर्मा की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है. मामला 15 वर्ष पुराना है. मंडी परिषद के निदेशक ने समान रैंक वाले 11 कर्मचारियों को पदोन्नति दी थी.
उसी आधार पर याची ने अपनी पदोन्नति का प्रत्यावेदन दिया तो निदेशक ने अस्वीकार कर दिया. याची ने अपनी पदोन्नति का प्रत्यावेदन निदेशक के समक्ष दो बार प्रस्तुत किया लेकिन उसे अन्य कर्मचारियों की तरह पदोन्नति का लाभ नहीं दिया गया.
इस पर याची ने यह याचिका दाखिल की. कोर्ट ने निदेशक, उपनिदेशक और सचिव मंडी परिषद अलीगढ़ पर 10-10 हजार रुपये हर्जाना लगाया और तीनों अधिकारियों को पांच अगस्त को उपस्थित रहने का निर्देश दिया है.हाईकोर्ट ने अलीगढ़ मंडी परिषद में तैनात चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को पदोन्नत न करने पर नाराजगी जताई. साथ ही परिषद के निदेशक, उपनिदेशक और अलीगढ़ मंडी परिषद के सचिव पर 10-10 हजार रुपये हर्जाना लगाया.
√ *_PIL वापसी के लिए हमला करने पर हाईकोर्ट गंभीर; आरोपी को किया तलब, एसपी फतेहपुर से मांगा हलफनामा_*
प्रयागराज : इलाहाबाद हाईकोर्ट ने फतेहपुर में बिंदकी तहसील के पहुर गांव में सरकारी गाटा में अवैध रूप से पेड़ काटने से संबंधित जनहित याचिका वापस लेने के लिए याची के भाई व अन्य परिजनों पर हमला करने को गंभीरता से लिया है. कोर्ट ने हमले के आरोपी को 13 अगस्त को हाजिर होने का निर्देश दिया है. साथ ही एसपी फतेहपुर को आरोपी के नोटिस का तामीला सुनिश्चित करने का निर्देश उन्हें कल्याणपुर थाना के एसएचओ द्वारा इस मामले में हेरफेर और पक्ष लेने के आरोप पर व्यक्तिगत शपथ पत्र प्रस्तुत करने को कहा है.
याची के भाई और परिवार के अन्य सदस्यों पर हमला : यह आदेश न्यायमूर्ति जेजे मुनीर ने अधिवक्ता अमित सिंह परिहार की जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है. याची ने पूरक शपथपत्र दाखिल कर आरोप लगाया कि याचिका में विपक्षी नरेंद्र सिंह ने याची के भाई और परिवार के अन्य सदस्यों पर हमला किया. जब याची के परिवार वाले थाने गए, तो नरेंद्र सिंह जो आपराधिक प्रवृत्ति का व्यक्ति प्रतीत होता है, ने पुलिस के साथ अपने संबंधों का उपयोग करके याची और शिकायतकर्ता के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी, जबकि याची की एफआईआर रात 11 बजे के बाद दर्ज की गई और नरेंद्र सिंह की एफआईआर को जानबूझकर शाम को दर्ज कराया गया.
पूरक शपथ पत्र में लगाया आरोप : पूरक शपथ पत्र में यह भी कहा गया कि नरेंद्र सिंह अपराधी है और हत्या के एक मामले में आरोपी है. कोर्ट ने कहा कि सबसे परेशान करने वाली बात यह है कि पूरक शपथ पत्र में यह आरोप लगाया गया है कि नरेंद्र अब भी याची के पिता, माता और भाई को धमकी दे रहा है और उनसे यह जनहित याचिका वापस लेने के लिए कह रहा है. याची ने यह भी कहा है कि इससे उनके पूरे परिवार को बहुत बड़ा खतरा होगा. कोर्ट ने कहा कि देश में कोई भी व्यक्ति किसी को भी अदालत जाने से रोक नहीं सकता है. यह न्याय पाने को प्रभावित करने वाली सबसे बड़ी बाधा है, इसलिए यह सबसे गंभीर आपराधिक अवमानना है. कोर्ट ने कहा कि इस मामले में कोई आदेश करने से पहले विपक्षी नरेंद्र सिंह को नोटिस दिया जाए और वह अगली सुनवाई की तिथि पर व्यक्तिगत रूप से उपस्थित रहें.
√ *_मिर्जापुर में बाढ़ के पानी में रील बनाते समय 2 दोस्तों की डूबकर मौत, सोनभद्र में नाले में बह गए बाइक सवार_*
मिर्जापुर/सोनभद्र : जनपद में बाढ़ के पानी में डूबने से दो की मौत हो गई है. दोनों आपस में दोस्त थे. दोनों घर से गंगा के बाढ़ के पानी को देखने के लिए निकले थे. नहर में बाढ़ के पानी में दोनों उतर गए, तभी एक युवक ने दोनों से रील बनवाने लगा. इस दौरान गहरे पानी में चले जाने से दोनों दोस्त डूब गए. स्थानीय लोगों ने दोनों दोस्त को पानी से बाहर निकाला, तब-तक दोनों की मौत हो गई थी.
जानकारी के अनुसार, यह घटना मिर्जापुर के कछवां थाना क्षेत्र के बजरडीहा गांव की है. बताते हैं कि रविवार को प्रीतम (18) निवासी बजहा और गणेश (16) निवासी मझवा गंगा में आई बाढ़ देखने गए थे. यहां नहर भी बाढ़ के पानी से उफनाई है. दोनों दोस्त नहर में उतर गए, तभी एक व्यक्ति ने दोनों दोस्त को अपना मोबाइल देकर रील बनाने के लिए कहा.
रील बनाने के दौरान दोनों डूबने लगे. शोर मचा तो आस-पास के लोग भी उन्हें बचाने के लिए दौड़े. देखते ही देखते दोनों दोस्त नहर के गहरे पानी में समा गए. जब तक ग्रामीणों ने उन्हें बाहर निकाला, उनकी मौत हो चुकी थी. सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज कर जांच में जुट गई है. वहीं, रील बनाने के लिए मोबाइल देने वाले युवक की तलाश की जा रही है.
सोनभद्र में पहाड़ी नाले में बह गए 2 युवक : सोनभद्र के जुगैल थाना क्षेत्र के भरहरी गांव में स्थित चकदहिया पुल (रपटा) पर परेवा नाले के तेज बहाव में बाइक समेत 2 युवक बह गए. जबकि तीसरे युवक ने समय रहते बाइक से कूदकर अपनी जान बचा ली. तीनों युवक सोनभद्र के घोरावल क्षेत्र से जुगैल घूमने जा रहे थे. लापता युवकों की पहचान घोरावल थाना क्षेत्र के भरकवाह गांव निवासी 19 वर्षीय दिनेश धोबी पुत्र लालजी धोबी और 18 वर्षीय अंकित महापात्र पुत्र इंद्रजीत महापात्र के रूप में हुई है.
घटना की सूचना मिलते ही मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई. जुगैल थाने के एसओ नागेश सिंह ने मौके पर पहुंचकर जांच-पड़ताल की. वहीं बाइक पर सवार अक्षय पुत्र रमेश निवासी लालगंज ने बाइक से कूदकर अपनी जान बचा ली. जिले में 24 घंटे से लगातार रुक-रुककर बारिश हो रही है. इससे पहाड़ी नाले और नदियों का जलस्तर बढ़ गया है.
√ *__पर्यटन विभाग 163.53 लाख रुपए से बलिया का करायेगा पर्यटन विकास_*
*सेवादास धाम मंदिर, रामलीला मैदान के विकास से बलिया में पर्यटन को मिलेगी नई ऊंचाई- जयवीर सिंह*
उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग प्रदेश के प्राचीन मंदिरों के आसपास पर्यटक सुविधाओं के विकास और सौंदर्यीकरण के महत्वाकांक्षी लक्ष्य को लेकर तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसी कड़ी में उत्तर प्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम (यूपीएसटीडीसी) बलिया के तीन प्रमुख धार्मिक स्थलों के समग्र विकास पर अग्रसर है। विकास योजनाओं पर 163.53 लाख रुपए की राशि खर्च होगी। इन परियोजनाओं का उद्देश्य मंदिरों की भव्यता को पुनर्स्थापित कर श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना और धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देना है।
यह जानकारी उत्तर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश देश में घरेलू पर्यटन का केंद्र बनकर उभरा है। हाल के वर्षों में राज्य में धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों पर पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। अयोध्या, काशी, मथुरा और प्रयागराज जैसे तीर्थ स्थल श्रद्धालुओं के विशेष आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं। आगंतुकों का रुझान प्रदेश के नए गंतव्यों की ओर भी है। बलिया ऐसे ही टूरिस्ट डेस्टिनेशन में से एक है, जहां मंदिरों सहित पर्यटन स्थलों की वृहद श्रृंखला है।
पर्यटन मंत्री ने बताया कि प्रदेश सरकार बलिया जिले के सेवादास धाम मंदिर में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए 60.60 लाख रुपए की लागत से विकास कार्य कराएगी। इस योजना के तहत मंदिर परिसर का सौंदर्यीकरण, बुनियादी सुविधाओं का विस्तार और धार्मिक पर्यटकों के लिए आकर्षक निर्माण कार्य किए जाएंगे। योजना अंतर्गत मंदिर परिसर का व्यापक सौंदर्यीकरण किया जाएगा, जिसमें आकर्षक प्रकाश व्यवस्था, शौचालय, पेयजल, विश्राम स्थल जैसी बुनियादी सुविधाओं का निर्माण शामिल है। साथ ही, धार्मिक पर्यटकों की संख्या बढ़ाने के उद्देश्य से सांस्कृतिक और आध्यात्मिक वातावरण को भी सुदृढ़ किया जाएगा। ज्ञात हो, बलिया का सेवादास धाम मंदिर एक प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है।
श्री जयवीर सिंह ने बताया कि बलिया जनपदवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग पूर्ण होने जा रही है। नगर के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक स्थल रामलीला मैदान का सौंदर्यीकरण कार्य जल्द शुरू होने जा रहा है। इस कार्य पर 34.23 लाख रुपए की लागत आएगी। धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों का केंद्र रहा यह मैदान अब नए और आकर्षक स्वरूप में नजर आएगा, जिससे न केवल शहरवासियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि पर्यटन की दृष्टि से भी यह स्थल महत्वपूर्ण बनेगा।
पर्यटन मंत्री ने बताया कि उत्तर प्रदेश के बलिया जनपद में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विकासखंड बांसडीह की ग्राम सभा मारीटर स्थित प्रसिद्ध शिव मंदिर का पर्यटन विकास कार्य किया जा रहा है। विभागीय योजना के तहत इस पर 68.70 लाख रुपए की लागत आएगी। इससे न केवल मंदिर क्षेत्र का सौंदर्यीकरण होगा, बल्कि ग्रामीण क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को भी नई दिशा मिलेगी। योजना अंतर्गत मंदिर परिसर का जीर्णाेद्धार, श्रद्धालुओं के लिए बैठने की व्यवस्था, प्रकाश व्यवस्था, पेयजल और स्वच्छता से जुड़ी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इससे न केवल स्थानीय लोगों की धार्मिक आस्था को मजबूती मिलेगी, बल्कि इस क्षेत्र में पर्यटकों की संख्या में भी बढ़ोतरी की उम्मीद है। पर्यटन विभाग का मानना है कि इस तरह के प्रयासों से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी बल मिलेगा।