बलिया जिला अस्पताल में मरीज की बात सुनकर शायद आप भी चौंक जायेंगे

1 / 100 SEO Score

रिपोर्ट-एजाज अहमद के साथ मु० सरफराज
-बलिया । जिला अस्पताल के हड्डी वार्ड में बेड नंबर 11 पर पड़े मरीज को जरा गौर से देखिए। मरीज की सुनकर हर कोई सोचने पर मजबूर जायेगा कि आखिर यह क्या हो रहा है।आपको बता दें कि शनिवार को इस मरीज का ऑपरेशन होना था। जिसे ऑपरेशन थिएटर से इसलिए निकाल दिया गया कि डॉक्टर द्वारा मांगी गई रकम को दे नहीं सका।
बताया जाता है कि पकड़ी थाना निवासी परमात्मा चौहान के पैर में फैक्चर था,जिन्हे खेजुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र द्वारा जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।जिला अस्पताल में एडमिट होने के बाद मरीज का आरोप है कि डॉक्टर द्वारा 25 हज़ार रुपये की डिमांड हुई।जिसमें से 15 हज़ार रुपये मरीज के परिजनों ने सरकारी डॉक्टर के आवास पर दे दिया ।जब ऑपरेशन के लिए मरीज को ऑपरेशन थिएटर में ले जाया गया तो वहां चिकित्सक द्वारा यह कह कर ऑपरेशन थिएटर से बाहर कर दिया गया कि जब तक आप 10 हज़ार रुपये शेष बचा रकम नहीं देंगे ,आपका ऑपरेशन नहीं होगा।
ऐसे में प्रभारी CMS डॉ आर डी राम का कहना है कि सीजर का सरकारी रेट बेहद कम होता है। इस मामले की जांच की जाएगी ।
डॉ आर डी राम ( प्रभारी CMS जिला अस्पताल बलिया )
जिला अस्पताल के आर्थोपेडिक सर्जन की यह शिकायत पहली बार नहीं। लेकिन सरकार की इतनी सख्ती के बाद भी सुधार नहीं हो पा रहा है। मरीज परमात्मा चौहान का इलाज कर रहे सरकारी चिकित्सक संतोष चौधरी अपनी सफाई देते हुए कहते हैं कि जिला अस्पताल में इंप्लांट सरकार के तरफ से नही मिलता। पर्ची पर मरीजों को लिखकर दे दिया जाता है , वह बाहर से खरीद कर लाते हैं। इतना ही नहीं मरीज की मदद करने की बात बता रहे हैं।
संतोष चौधरी, अर्थोपेडिक सर्जन, जिला अस्पताल बलिया जिला अस्पताल में भर्ती मरीज अपनी बात रोते हुए कैसे बता रहा ,जिसे देखकर निश्चित ही आप के भी रौंगटे खड़े हो जायेंगे।मरीज खुद बता रहे हैं कि सरकारी अस्पताल समझ कर आए थे साहब। अपनी मैडम से 15 हजार भेजा था ,25 हजार का डॉक्टर साहब मांगे थे। दस हजार रूपया नहीं है, उसके लिए मुझे ऑपरेशन थियेटर से निकाल दिया गया। आइये मरीज की जुबानी सुनते हैं।
परमात्मा चौहान, पीड़ित मरीज
घर में अचानक किसी को चोट आए तो परिवार परेशान हो जाता है। ऐसे में महिला परिजन बताती हैं कि शनिवार ऑपरेशन करने को बोला गया था। डॉक्टर साहब 25 हजार मांगे,15 हजार एक दिन पहले आवास पर दे दी। लेकिन शनिवार को 10 हजार नहीं दे सके तब बोला गया कि ऑपरेशन नहीं होगा। निकाल दिया गया।
परिजन महिला बताती हुई।

Share

Leave a Reply